जलवायु संकट का सबसे बड़ा शिकार बचपन: 56 करोड़ बच्चे हर साल झेल रहे खतरनाक नम गर्मी
बच्चों का बचपन छीन रही गर्मी! 56 करोड़ बच्चे खतरनाक हीट स्ट्रेस की चपेट में गर्मी नहीं, बचपन का संकट: जलवायु परिवर्तन से 56 करोड़ बच्चे खतरे में कल्पना कीजिए कि आपके बच्चे के लिए गर्मी का एक महीना अतिरिक्त बढ़ जाए—और वह महीना सामान्य गर्मी नहीं, बल्कि ऐसी नम गर्मी हो जिसमें शरीर खुद को पसीने के जरिए ठंडा भी न कर सके। नया वैज्ञानिक शोध कहता है कि आज दुनिया के करीब 56 करोड़ बच्चे हर साल कम से कम एक अतिरिक्त महीने ऐसी खतरनाक ह्यूमिड हीट का सामना कर रहे हैं, जो मानवजनित जलवायु परिवर्तन से जुड़ी है। सवाल सिर्फ यह नहीं है कि धरती कितनी गर्म हो रही है। सवाल यह है कि बढ़ती गर्मी बच्चों से कितना बचपन छीन रही है। भारत के लिए यह खबर विशेष रूप से महत्वपूर्ण है क्योंकि दक्षिण एशिया को उन क्षेत्रों में गिना गया है जहां सबसे अधिक बच्चे खतरनाक ह्यूमिड हीट के संपर्क में हैं। इस खबर में जानिए: 🔴 56 करोड़ बच्चे खतरनाक गर्मी के संपर्क में क्यों हैं? 🔴 ह्यूमिड हीट या नम गर्मी क्या होती है? 🔴 बच्चों के लिए गर्मी वयस्कों की तुलना में अधिक खतरनाक क्यों हो सकती है? 🔴 हीट स्ट्रेस क्या है? 🔴 दक्षिण एशिया और...









